
जम्मू, 26 मार्च (Udaipur Kiran) । जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने रोजगार सृजन, आर्थिक प्रगति और निर्बाध सार्वजनिक सेवा वितरण में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया।
उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि जम्मू-कश्मीर ने आत्मनिर्भरता, डिजिटल अपनाने और निवेशक-अनुकूल नीतियों को बढ़ावा देने के लिए स्विट्जरलैंड और जर्मनी के आर्थिक मॉडल से प्रेरणा ली है। जम्मू शहर के बाहरी इलाके जगती में भारतीय प्रबंधन संस्थान जम्मू द्वारा आयोजित एक कार्यशाला को संबोधित करते हुए उपराज्यपाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में रोजगार सृजन, प्रतिस्पर्धा और निर्बाध सार्वजनिक सेवा वितरण में एमएसएमईस की महत्वपूर्ण भूमिका है।
सिन्हा ने कहा कि जम्मू-कश्मीर ने कोविड-19 जैसी चुनौतियों पर काबू पाते हुए उल्लेखनीय आर्थिक लचीलापन दिखाया है। हमें गर्व है कि हम 10 साल की प्रोत्साहन योजना का सिर्फ 2 से 2.5 साल में पूरा उपयोग करने वाला पहला प्रदेश हैं जो तेजी से प्रगति और औद्योगिक विकास के लिए हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
(Udaipur Kiran) / बलवान सिंह
