Haryana

गुरुग्राम: एसबीआई का मुख्य प्रबंधक बनकर 4.45 लाख रुपये ठग लिए

-किराए पर फ्लैट देन के लिए ओएलएक्स पर लगा रखा था विज्ञापन

गुरुग्राम, 25 मार्च (Udaipur Kiran) । यहां भारतीय स्टेट बैंक का फर्जी मुख्य प्रबंधक बनकर 4.45 लाख रुपये ठग लिए गए। आरोपी ने ओएलएक्स पर फ्लैट किराये पर देने का विज्ञापन देकर यह ठगी की। पीडि़त की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार सेक्टर-89 ट्यूलिप सोसायटी निवासी विकास कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में कहा कि पिरामिड सोसायटी में उसका फ्लैट है। उस फ्लैट को किराये पर देने के लिए उसने ओएलएक्स पर विज्ञापन दिया था। उनके नाम राशि ही यानी विकास नामक व्यक्ति ने उसका फ्लैट किराये पर देने के लिए संपर्क किया। कॉल करने वाले ने खुद को भारतीय स्टेट बैंक का मुख्य प्रबंधक बताया। उसने कहा कि वह बिहार का रहने वाला है। उसका ट्रांसफर यहां सिकंदरपुर बढ़ा गांव में एसबीआई की शाखा में हुआ है। उसे किराये पर फ्लैट चाहिए। आरोपी ने अपना आधार कार्ड, बैंक का पहचान पत्र उसे वाट्सऐप पर भेजा। किराये पर फ्लैट देने के लिए 19 हजार रुपये महीना किराये में तय हो गया।

आरोपी विकास कुमार ने फ्लैट मालिक को बताया कि उसे बैंक की ओर से छह महीने का किराया इक_ा मिलता है। वह उन्हें छह महीने का किराया बैंक खाते में डाल देगा।

उसने एक रुपया बैंक खाते में भेजा और कॉल करके कहा कि उसने छह महीने का 95 हजार रुपये किराया भेजा दिया है। एक महीने का किराया और सिक्योरिटी रखकर बाकी बचे रुपये वापस भेज दो। फ्लैट मालिक ने उसकी बात पर विश्वास करके उसे 23 जनवरी को 38 हजार रुपये ऑनलाइन भेजे। इसके बाद वह रुपये ट्रांसफर करवाता ही रहा। पहले की ट्रांजेक्शन पर आरोपी ने कह दिया कि उसके पास कोई पैसे नहीं आए। फिर उसे 10 रुपये ट्रांसफर करवाए। पीडि़त को 10 रुपये मिलने की बात कहकर उसने दोबारा से रुपये ट्रासंफर करने की बात कही। पीडि़त का कहना है कि उसने अपने खाते के साथ-साथ अपने दोस्त के खाते से भी रुपये ट्रांसफर करवाए। पीडि़त ने पुलिस को सारी जानकारी सौंप दी है। जांच अधिकारी सुनील कुमार का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है।

(Udaipur Kiran)

Most Popular

To Top