Uttar Pradesh

वाराणसी ने रचा फिर नया इतिहास, देश में सबसे अधिक एन्क्वास प्रमाणित स्वास्थ्य इकाइयों वाला बना जिला

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संदीप

—जिले में 172 स्वास्थ्य इकाइयां एन्क्वास प्रमाणित,आरोग्य मंदिर का डाटा सक्षम पोर्टल पर अपलोड

वाराणसी,30 नवम्बर (Udaipur Kiran) । उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी काशी (वाराणसी)ने स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। वाराणसी राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक के अंतर्गत सर्वाधिक स्वास्थ्य इकाइयों को प्रमाणित कराने वाला यह देश का पहला जनपद बन गया है। वर्तमान में जिले की 172 स्वास्थ्य इकाइयाँ एन्क्वास प्रमाणित हो चुकी हैं। रविवार को जिले के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संदीप चौधरी ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि प्रमाणन प्राप्त इकाइयों में 159 आयुष्मान आरोग्य मंदिर, 9 शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 1 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, 1 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व 2 जिला स्तरीय चिकित्सालय शामिल हैं। डॉ चौधरी के अनुसार 19 और इकाइयों के परिणाम आना शेष हैं, जबकि 4 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का राष्ट्रीय स्तर पर मूल्यांकन 15 दिसंबर से 31 दिसंबर के बीच भारत सरकार द्वारा नामित टीमों द्वारा किया जाएगा। इसके अतिरिक्त 4 सीएचसी, 3 पीएचसी एवं 6 आयुष्मान आरोग्य मंदिर का डाटा सक्षम पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है, जिनका मूल्यांकन शीघ्र कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन सभी इकाइयों ने ढांचागत सुविधाओं, गुणवत्तापूर्ण सेवाएं, संक्रमण नियंत्रण, रिकॉर्ड प्रबंधन तथा रोगी संतुष्टि जैसे मानकों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। यह उपलब्धि स्वास्थ्य विभाग की टीमों, समुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों, चिकित्सकों तथा अन्य कर्मियों के समन्वित प्रयास का परिणाम है।

सीएमओ ने बताया कि भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा शुरू किया गया एन्क्वास एक कार्यक्रम है, जिसका उद्देश्य सार्वजनिक स्वास्थ्य सुविधाओं, जैसे कि जिला अस्पताल, सीएचसी और पीएचसी की गुणवत्ता में सुधार करना और उन्हें बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रमाणित करना है। इनके मानक में सेवा प्रावधान, रोगी अधिकार, सहायक सेवाएँ, नैदानिक ​​देखभाल, संक्रमण नियंत्रण, गुणवत्ता प्रबंधन शामिल हैं। उन्होंने बताया कि आगामी मूल्यांकन में भी वाराणसी की बची इकाइयाँ प्रमाणन हासिल कर देश के लिए आदर्श मॉडल के रूप में स्थापित होंगी।

—————

(Udaipur Kiran) / श्रीधर त्रिपाठी