Madhya Pradesh

सिवनीः हत्या के प्रकरण में आरोपितों को आजीवन कारावास

Seoni: Life imprisonment to the accused in murder case

सिवनी, 28 अगस्त (Udaipur Kiran) । जिला एवं सत्र न्‍यायाधीश सिवनी ने गुरूवार को नगरीय क्षेत्र स्थित कोतवाली थाने में वर्ष 2023 में दर्ज हत्या के प्रकरण में आरोपित निक्‍की उर्फ निखिल हेडाऊ , पियूष हेडाऊ दोनो निवासी आजाद वार्ड, सिवनी को हत्‍या के प्रकरण में धारा 302 सहपठित धारा 34 भादवि में आजीवन कारावास एवं 5000 रूपये का अर्थदंड तथा धारा 302 में आजीवन कारावास एवं 5000 रूपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

जिला न्यायालय के अभियोजन अधिकारी एवं मीडिया प्रभारी मनोज कुमार सैयाम ने गुरूवार को हिस को बताया कि 29 सितंबर 2023 को रात 8.20 बजे के लगभग जब प्रकाश कश्‍यप अपने घर की गणेश प्रतिमा के विसर्जन के लिए डी.जे. लेकर छिंदवाडा चौक से लौट रहा था तो रास्‍ते में नवदीप स्‍कूल के सामने निसाद राज मूर्ति के सामने देखा कि उसके भतीजे चिंटू उर्फ मठा उर्फ आनंद कश्‍यप के साथ अभियुक्‍तगण नाचते समय धक्‍का लगने की बात को लेकर विवाद कर रहे थे, उसी समय निक्‍की ऊर्फ निखिल हेडाऊ ने आनंद कश्यप को पीछे से पकडा और पियूष हेड़ाऊ ने अपने पास रखा चाकू निकालकर आनंद को जान से मारने की नियत से कमर के नीचे दाहिने तरफ मार दिया तथा दोनों वहां से भाग गए। चाकू लगने से आनंद वहीं पर गिर गया एवं घाव से बहुत ज्‍यादा खून निकलने लगा। तब प्रकाश कश्‍यप, मोनू कश्‍यप तथा संदीप कश्‍यप आनंद को लेकर पंकज ठाकुर की गाडी से जिला अस्‍पताल सिवनी गए, जहां डॉक्‍टर द्वारा चेक करने पर उसे मृत घोषित कर दिया गया। डॉक्‍टर के द्वारा थाना प्रभारी कोतवाली सिवनी को घटना की लिखित सूचना दी गई। पुलिस के द्वारा प्रकाश कश्‍यप के बताने के आधार पर देहाती नालिशी लेखबद्ध की गई।

आगे बताया कि प्रकरण की विवेचना कोतवाली थाना प्रभारी .निरीक्षक सतीश तिवारी के द्वारा की गई थी, शासन की ओर से उपनिदेश अभियोजन/विशेष लोक अभियोजक गोपालकृष्‍ण हालदार ने जिला न्‍यायालय में पैरवी करते हुए साक्ष्‍य प्रस्‍तुत किये । जिससे सहमत होते हुए जिला एवं सत्र न्‍यायाधीश ने गुरूवार को आरोपित निक्‍की उर्फ निखिल(21) पुत्र पिता रोशनलाल हेडाऊ , पियूष(19) पुत्र रोशनलाल हेडाऊ दोनो निवासी आजाद वार्ड, सिवनी जिला सिवनी को हत्‍या के प्रकरण में धारा 302 सहपठित धारा 34 भादवि में आजीवन कारावास एवं 5000 रूपये का अर्थदंड तथा धारा 302 में आजीवन कारावास एवं 5000 रूपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

(Udaipur Kiran) / रवि सनोदिया

Most Popular

To Top