डिब्रूगढ़ (असम), 27 अगस्त (Udaipur Kiran) । इस वर्ष के राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए असम से एकमात्र शिक्षक के रूप में डिब्रूगढ जिले के जयपुर नामसांग आदर्श माध्यमिक विद्यालय के प्रधान शिक्षक देवजीत घोष का चयन हुआ है। शिक्षक ने बुधवार काे मीडिया से बातचीत में कहा कि बीते सोमवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से प्राप्त एक ई-मेल के माध्यम से यह जानकारी मिली है।
शिक्षक दिवस के दिन दिल्ली के विज्ञान भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू शिक्षकों को यह पुरस्कार प्रदान करेंगी। देश के 45 प्रतिष्ठित शिक्षकों के बीच असम के एकमात्र शिक्षक के रूप में नाहरकटिया के नामसांग आदर्श उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्रधान शिक्षक देवजीत घोष का चयन हुआ है।
डिब्रूगढ़ के खलिहामारी निवासी देवजीत घोष को 2025 के राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए चुने जाने की खबर ने अब उनके परिवार और सहकर्मियों को उत्साहित कर दिया है। आगामी 5 सितंबर को होने वाले पवित्र शिक्षक दिवस के अवसर पर देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू इस पुरस्कार को औपचारिक रूप से प्रदान करेंगी।
स्वतंत्रता के बाद से नामसांग चाय बागान में किसी भी प्रकार की शैक्षणिक संस्थान नहीं होने के कारण असम सरकार द्वारा वर्ष 2022 में स्थापित विद्यालय में प्रारंभ में 271 छात्र-छात्राओं ने नामांकन कराया था, हालांकि उनमें से 200 छात्र-छात्राएं ड्रॉपआउट हो गए थे। जिसकी वजह से कई मामलों में शिक्षकों को तीव्र चुनौती का सामना करना पड़ा।
असम-अरुणाचल प्रदेश की सीमा पर स्थित जयपुर के नामसांग चाय बागान आदर्श उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 2022 के बाद से वन्य जीवों के हमले का भय और चिंता के बीच प्रतिदिन दीहिंग पाटकाई राष्ट्रीय उद्यान के माध्यम से एक दुर्गम पथ से आवागमन करते हुए वर्तमान समय में 345 छात्र-छात्राओं को पाठ्यक्रम के साथ-साथ कंप्यूटर और विज्ञान की शिक्षा प्रदान की जा रही है।
उल्लेखनीय है कि, वर्ष 2023 में राज्य शिक्षक पुरस्कार प्राप्त करने वाले देवजीत घोष को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से प्राप्त ई-मेल के माध्यम से यह जानकारी मिलने के बाद असम के साथ-साथ उनने गृह जिला डिब्रूगढ़ शहर में खुशी की लहर है।———————–
(Udaipur Kiran) / अरविन्द राय
