
रांची, 20 अगस्त (Udaipur Kiran) । झारखंड राज्य माध्यमिक शिक्षक संघ (झारओटेफ) ने शिक्षा सचिव उमाशंकर सिंह से मिलकर दिशोम गुरुजी, शिबू सोरेन के जीवन वृत्त राज्य के स्कूली शिक्षा के पाठ्यक्रम में सम्मिलित करने की मांग की है।
यह जानकारी झारओटेफ के प्रांतीय मुख्य मीडिया प्रभारी सुमित कुमार नंद ने बुधवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी।
झारओटेफ के प्रदेश अध्यक्ष विक्रांत कुमार सिंह ने कहा कि दिशोम गुरु के जीवन वृत्त पर पाठ्यक्रम तैयार करने के दौरान उनके व्यक्तित्व की विशालता का भी ध्यान रखा जाना चाहिए। उनकी दूरगामी सोच ने ही तत्कालीन केन्द्र सरकार के वनांचल की विचारधारा को झारखंडी सोच में तब्दील करने को विवश कर दिया।
मौके पर झारखंड राज्य माध्यमिक शिक्षक संघ के महासचिव, रविंद्र प्रसाद सिंह ने कहा कि दिशोम गुरु, शिबू सोरेन किसी समुदाय, क्षेत्र या समुह विशेष के नेता नहीं थे। गुरूजी में पूरे देश के वंचित वर्ग अपने प्रतिनिधित्व की झलक देखता था। स्कूली शिक्षा के पाठ्यक्रम में उनके जीवन वृत्त को सम्मिलित करने से राज्य के बच्चों को गुरूजी के संघर्षों से सीखने को मिलेगा।
संगठन के ध्यानाकर्षण पर शिक्षा सचिव ने अपनी सहमति दी। उन्होंने कहा कि इस पर व्यापक कार्य करने की आवश्यकता है विभाग इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करेगा।
—————
(Udaipur Kiran) / Manoj Kumar
